Uttrakhand news:हाईकोर्ट नैनीताल ने वन दरोगा भर्ती प्रक्रिया पर लगी रोक हटाई
मनोज शर्मा
हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति विपिन सांघी एवं न्यायाधीश न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की खंडपीठ ने एकल पीठ के वन दरोगा के 316 पदों पर चल रही भर्ती प्रक्रिया रोकने से जुड़े आदेश पर रोक लगा दी है,
उत्तराखंड: हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश न्यायमूर्ति विपिन सांघी एवं न्यायाधीश न्यायमूर्ति राकेश थपलियाल की खंडपीठ ने एकल पीठ के वन दरोगा के 316 पदों पर चल रही भर्ती प्रक्रिया रोकने से जुड़े आदेश पर रोक लगा दी है, साथ ही भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की अनुमति दे दी है,
किंतु इस मामले में कुछ नई याचिकाये मंगलवार को कोर्ट में दायर हुई हैं जिस पर भर्ती प्रक्रिया को कोर्ट ने अपने निर्णय के अधीन रख लिया है,
वही सभी याचिकाकर्ताओं से शपथ पत्र प्रस्तुत करने को कहा है, वन दरोगा भर्ती की 2021 में हुई परीक्षा में नकल का मामला सामने आने के बाद यूकेएसएससी ने भर्ती प्रक्रिया को रद्द कर दिया था, जिसपर भर्ती प्रक्रिया को लेकर सरकार की काफी किरकिरी भी हुई थी,
जिसके बाद इसी साल आयोग ने नए सिरे से भर्ती परीक्षा कराई थी, याचिकाकर्ता उनकी तरफ से कहा गया कि नकल के आरोपियों को पकड़ने के बजाय आयोग ने पूरी भर्ती प्रक्रिया को ही निरस्त कर दिया है, जिस कारण पूरी ईमानदारी से पेपर देने वालों के मनोबल पर असर पड़ा है,
इससे इमानदारी से परीक्षा देने वाले भी प्रभावित हो रहे हैं, जिस पर एकल पीठ ने भर्ती प्रक्रिया पर रोक लगा दी थी,
आयोग की ओर से इस निर्णय को उत्तराखंड हाईकोर्ट की खंडपीठ में चुनौती दी गई, यूकेएसएसएससी के अधिवक्ता हर्षित धनिक ने जानकारी देते हुए बताया कि हाईकोर्ट की खंडपीठ ने एकल पीठ के आदेश पर रोक लगाते हुए भर्ती प्रक्रिया को आगे बढ़ाने की अनुमति प्रदान कर दी है, ऐसे में आगे की कार्यवाही शुरू की जाएगी,
लेकिन इस मामले में कुछ अन्य अभ्यर्थियों की ओर से भी मंगलवार को याचिका दायर की गई, जिस पर कोर्ट ने सभी याचिकाकर्ताओं से शपथ पत्र प्रस्तुत करने को कहा है साथ ही भर्ती प्रक्रिया के निर्णय को अपने अधीन रखा है।
